रेत माफियाओं द्वारा वन विभाग की टीम पर ट्रैक्टर चढ़ाने की कोशिश, बचाव में की फायरिंग

मुरैना। रेत का अवैध परिवहन करने वाले वाहनों पर कार्रवाई के लिए शनिवार सुबह निकली वन विभाग की पांच टीमों में से एक पर रेत माफिया ने ट्रैक्टर चढ़ाने का प्रयास किया। माफिया ने अपने ट्रैक्टर को बचाने के लिए तीन बार ऐसा किया। इसमें से दो बार वन अमले की गाड़ी को टक्कर मारने की कोशिश की गई, जबकि एक बार रेंजर पर ट्रैक्टर चढ़ाने का प्रयास किया। बचाव में रेंजर सहित दो वन रक्षकों को हवाई फायर करने पड़े। वन अमले की मदद के लिए आम लोगों ने पुलिस को सूचना दी। हालांकि वन अधिकारियों ने रेत से भरी ट्रॉली जब्त कर ली।

जौरा रेंज ऑफीसर आरपी रैकवार ने बताया कि सुबह करीब 7 बजकर 30 मिनट पर वन अमले की पांच टीम पेट्रोलिंग कर रहीं थी। अंबाह रोड पर रैकी के बाद टीम कार्रवाई के लिए दोबारा पहुंची तो कुछ ट्रैक्टर मौजूद थे। इनका पीछा करने पर एक ट्रैक्टर सुभाष नगर में जा घुसा। यहां माफिया ने ट्रॉली का नक्का खींचकर उसे छोड़ दिया और ट्रैक्टर मोड़कर वन अमले की जीप पर चढ़ाने का प्रयास किया। आरोपित ड्राइवर ने दूसरी बार ऐसा प्रयास फिर किया।

रेंजर के मुताबिक ओवर ब्रिज की ओर भागते हुए ट्रैक्टर का पीछा करने के लिए वे अपने साथ मौजूद 4 जवानों के साथ दौड़े। इस पर आरोपित ने रेंजर पर ट्रैक्टर चढ़ाने का प्रयास एक बार फिर किया। बचाव में रेंजर और अमले को दो-दो बार फायरिंग करनी पड़ी। फायरिंग होते देख स्थानीय लोगों ने स्टेशन रोड पुलिस को सूचना दी। इसके बाद जब्त ट्रॉली को कोतवाली लााया गया। 

बंदूक न होती तो मर जाते

उसने दो बार गाड़ी पर और तीसरी बार मुझ पर ट्रैक्टर चढ़ाने का प्रयास किया। खुद को बचाने के लिए हम पांच लोगों में से मैंने पिस्टल से और दो आरक्षकों ने 12 बोर की बंदूक से हवाई फायर किए। बंदूकें नहीं होतीं तो वे हमें मार ही देते। मैने पुलिस को आवेदन नहीं दिया है। सिर्फ मौखिक सूचना ही दी है- आरपी रैकवार, रेंजर जौरा