गुजरात विधानसभा में मुस्लिम विधायकों की संख्या हुई दोगुनी

वेब डेस्कः इस बार के गुजरात विधानसभा चुनाव कई माइनों में खास साबित हुए हैं। जहां भारतीय जनता पार्टी I अपनी सत्ता बचाने में कामियाब रही तो कांग्रेस ने पिछले कई चुनावों के मुकाबले बेहतरीन प्रदर्शन किया। इन सबसे इतर राज्य में मुस्लिम समुदाय एेसा वर्ग रहा, जिनके संबंध में सभी राजनीतिक दलों ने पूरे चुनाव प्रचार में चुप्पी साधे रखी और इस चुनाव में मुसलमानों के मुद्दे पर भी कोई बात नहीं हुई। बावजूद इसके इस वर्ग से आने वाले लोग पहले से दोगुनी संख्या में इस बार की विधानसभा के लिए चुने गए। इन चुनावों में 4 मुस्लिम विधायक बने।
कांग्रेस की टिकट पर जीते चारों विधायक 
2012 के गुजरात विधानसभा चुनाव में सिर्फ 2 मुस्लिम उम्मीदवारों को जीत मिली थी। इस विधानसभा चुनाव में कांग्रेस ने 6 उम्मीदवारों को टिकट दिया था। इनमें से चार ने जीत का स्वाद चखा है। पिछले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस ने 4 उम्मीदवारों को टिकट दिया था और उनमें से 2 की जीत हुई थी। पिछली दफा गयासुद्दीन शेख अहदाबाद के दरियापुर से और पीरजदा राजकोट की वानकानेर सीट से विधायक चुने गए थे। 2017 में फिर से यह दोनों उम्मीदवार अपनी सीट से चुनाव जीतने में सफल रहे। इनके अलावा डासडा से नौशादजी और जमालपुर खाड़िया से इमरान युसुफ ने जीत दर्ज की है।
mandihalchal1980 के बाद से घटती रही मुस्लिमों की संख्या
2011 के जनगणना के हिसाब से देखा जाए तो गुजरात की कुल जनसंख्या का 9.67 फीसद मुस्लिम आबादी का है। भले ही गुजरात की जनसंख्या का दस फीसद मुस्लिम हो लेकिन उनकी चुनाव में भागीदारी कभी उतनी रही नहीं। 1980 में 17 मुस्लिम प्रत्याशी मैदान में थे, जिनमें 12 प्रत्याशी विधानसभा में जीतकर पहुंचे थे। 1990 के चुनाव में केवल 11 मुस्लिम प्रत्याशियों को टिकट दिया गया, इनमें केवल तीन ही जीतकर विधानसभा पहुंचे। 2012 के विधानसभा चुनावों में केवल 5 मुस्लिम प्रत्याशी मैदान में थे, जिनमें से जीतकर दो ही प्रत्याशी विधानसभा पहुंच सके।
mandihalchalकांग्रेस सॉफ्ट हिंदुत्व की राजनीति में भूली सुध
ऐसे में मुस्लिम समुदाय इस बार कांग्रेस से ही उम्मीदें लगाए बैठा था लेकिन हार्दिक, जिग्नेश और अल्पेश की सियासत में फंसी कांग्रेस में भी मुस्लिम समुदाय को उचित प्रतिनिधित्व नहीं मिल सका। यही नहीं गुजरात में इस बार सॉफ्ट हिन्दुत्व की राह पर चली कांग्रेस की सियासत से भी मुस्लिम असमंजस की स्थिति में रहे। जबकि राज्य में मुस्लिम बहुल सीटों की बात करेें तो गुजरात में 18 सीटों पर मुस्लिम समुदाय की आबादी 25 से 60 प्रतिशत है। इसके अलावा इस बार की विधानसभा में गौर करने वाली बात है कि इन सीटों पर बीजेपी के प्रत्याशियों ने कांग्रेस से ज्यादा सीटों को अपने खाते में लिया है। बीजेपी ने 18 में से 9 सीटों पर कब्जा किया है वहीं कांग्रेस के खाते में 7 सीटें जीती हैं।

गुजरात से मुस्लिम विधायक कब कितने

1980ः    12 विधायक
1985ः      8 विधायक
1990ः     2 विधायक
1995ः     1 विधायक
1998ः     5 विधायक
2002ः    3 विधायक
2007ः    5 विधायक
2012ः     2 विधायक